झारखंड सरकार ने राज्य की ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए लखपति दीदी योजना शुरू की है। इस योजना के तहत, महिलाओं की सालाना आय एक लाख रुपये तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। योजना को झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) द्वारा कार्यान्वित किया जा रहा है, जो महिलाओं को विभिन्न आजीविका साधनों जैसे कि :
- – *कृषि*: महिलाओं को खेती और बागवानी में प्रशिक्षित किया जा रहा है
– *पशुपालन*: पशुपालन और पशु चिकित्सा में प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है
– *मत्स्य पालन*: मत्स्य पालन और मछली उत्पादन में महिलाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है
– *मशरूम उत्पादन*: मशरूम उत्पादन और विपणन में महिलाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है
– *मधुमक्खी पालन*: मधुमक्खी पालन और शहद उत्पादन में महिलाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है
– *हस्तशिल्प*: हस्तशिल्प और कुटीर उद्योग में महिलाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है
– *व्यवसाय और कौशल विकास*: व्यवसाय और कौशल विकास में महिलाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है।

*लखपति दीदी योजना के लाभ*
– चक्रीय निधि (रिवॉल्विंग फंड)
– सामुदायिक निवेश निधि
– बैंकिंग सुविधाएं
– ब्याज पर छूट
*झारखंड में लखपति दीदी योजना की प्रगति*
झारखंड के सभी 24 जिलों के 264 प्रखंडों में लखपति दीदी योजना चल रही है। इस योजना के तहत 8.44 लाख महिलाओं को लखपति बनाने का लक्ष्य है, और अब तक करीब साढ़े पांच लाख महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं।
*लखपति दीदी योजना का उद्देश्य*
लखपति दीदी योजना का उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है, जिससे वे अपने परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार कर सकें और समाज में अपनी भूमिका निभा सकें।


































