झारखंड: करीब 800 करोड़ के जीएसटी घोटाला मामले में जमशेदपुर के जुगसलाई का कारोबारी विक्की भालोटिया उर्फ अमित अग्रवाल की जमानत याचिका पर PML कोर्ट में सुनवाई हुई। मामले में PLMA की विशेष अदालत ने विक्की भालोटिया की जमानत याचिका खारिज कर दी। उसकी ओर से 6 मई को याचिका दाखिल कर कोर्ट से जमानत की गुहार लगाई गई थी।
दरअसल, यह मामला शेल कंपनियों के नाम पर जीएसटी इंट्री कर 730 करोड़ से अधिक के फर्जीवाड़े से जुड़ा है। मामले में ईडी ने ईसीआईआर दर्ज किया है। ईडी ने जीएसटी घोटाले में कई आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें जमशेदपुर के जुगसलाई का कारोबारी विक्की भालोटिया, शिवकुमार देवड़ा, मोहित देवड़ा, कोलकाता के कारोबारी अमित गुप्ता शामिल हैं।
क्या है मामला?
शिव कुमार देवड़ा, सुमित गुप्ता और अमित गुप्ता समेत आरोपियों पर लगभग 14,325 करोड़ के फर्जी चालान बनाने का आरोप है, जिसके परिणामस्वरूप 730 करोड़ से अधिक के अयोग्य दावे किए गए थे। इस तरह सरकार को राजस्व का भारी नुकसान उठाना पड़ा था। इस मामले में जीएसटी इंटेलीजेंस ने पूर्व में कार्रवाई की थी।
तब जीएसटी अधिकारी दिनेश सिंह के बयान पर केस दर्ज कर शिव कुमार देवड़ा, सुमित गुप्ता व अमित गुप्ता को जेल भेज दिया गया था। सुमित व अमित गुप्ता जमशेदपुर के रहने वाले हैं। दरअसल, ईडी को इससे जुड़े साक्ष्य भी मिले हैं। जांच से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, 90 से अधिक शेल कंपनियों के जरिए जीएसटी चोरी को अंजाम दिया गया था।
































