बंगाल: पश्चिम बंगाल से बड़ी खबर आयी है। सीबीआई ने पिछले साल 5 जनवरी को पश्चिम बंगाल के संदेशखली में ईडी की टीम पर हमले के सिलसिले में वांछित अबुल हुसैन मोल्ला उर्फ दुरंतो को धर दबोचा है। उसे दक्षिण 24 परगना जिले गिरफ्तार किये जाने की सूचना है जिसमें उसे कोर्ट में पेश किया जायेगा।
सीबीआई ने जानकारी दी कि ईडी की टीम जबराशन वितरण घोटाले में निलंबित टीएमसी नेता शाहजहां शेख के आवास पर रेड डालने संदेशखली गयी थी, तब भीड़ ने उन पर हमला कर दिया था। मामले को तूल पकड़ते ही कलकत्ता हाई कोर्ट ने 5 मार्च, 2024 को मामला पश्चिम बंगाल पुलिस से लेकर सीबीआई को सौंप दिया था।
एसीबी कोलकाता के अनुसार, अबुल हुसैन मोल्ला मोल्ला सीबीआई के नोटिसों के बावजूद पेश नहीं हो रहा था। उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट (NBW) भी जारी था।
अहम बात यह है कि संदेशखली में 2019 के चुनाव के बाद हुई हिंसा के दौरान भाजपा कार्यकर्ता प्रदीप मंडल, देवदास मंडल और सुकांत मंडल की हत्या कर दी गयी थी। शेख के नेतृत्व में भीड़ ने उन पर हमला किया था। इस मामले की जांच पश्चिम बंगाल पुलिस की सीआईडी ने शुरू की थी। पीड़ितों के परिवारों ने कलकत्ता उच्च न्यायालय में गुहार लगाते हुए सीबीआई जांच की मांग की थी।
कलकत्ता उच्च न्यायालय ने मामला को CBI के हवाले किया था। एफआईआर में पूर्व टीएमसी नेता शाहजहां शेख को मुख्य आरोपी बनाया गया था। सीबीआई ने 30 जून को कलकत्ता उच्च न्यायालय के आदेश के बाद एफआईआर दर्ज की थी। शेख को 5 जनवरी, 2024 को ईडी के अधिकारियों पर कथित हमले के मामले में गिरफ्तार किया गया था। तब से वह अब तक जेल में हैं।
































