रांची: मंगलवार को दिल्ली से रांची की ओर जा रही गरीब रथ एक्सप्रेस (Train No. 12878) में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। घटना ट्रेन की G-5 कोच में हुई, जहाँ अचानक धुएं का गुबार उठने लगा। यह घटना जैसे ही यात्रियों की नजर में आई, पूरी बोगी में अफरा-तफरी मच गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे और कुछ घबराए हुए यात्री तो चलती ट्रेन से कूद गए, जिससे कई लोग घायल हो गए।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब ट्रेन एक स्टेशन को पार कर चुकी थी, तभी अचानक G-5 बोगी में धुआं भरने लगा। कुछ यात्रियों को लगा कि कहीं आग न लग गई हो। इस डर से कई लोगों ने अलार्म चेन खींची और ट्रेन को रोकने की कोशिश की। ट्रेन की रफ्तार थोड़ी कम हुई, लेकिन तब तक कई लोग चलती ट्रेन से नीचे कूद चुके थे, जिनमें से कुछ को गंभीर चोटें भी आई हैं।घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी और सुरक्षा कर्मी तुरंत हरकत में आए। ट्रेन को एक नजदीकी स्टेशन पर रोका गया और G-5 कोच की तकनीकी जांच शुरू की गई। शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट या ब्रेक बाइंडिंग (ब्रेक जाम होने से धुआं उठना) की संभावना जताई जा रही है, हालांकि अंतिम पुष्टि जांच रिपोर्ट के बाद ही होगी।
रेलवे प्रशासन का कहना है कि घबराने जैसी कोई बात नहीं थी, लेकिन अफवाह और घबराहट के चलते ही यात्रियों ने जल्दबाज़ी में खतरनाक कदम उठाए। राहत की बात यह रही कि बोगी में आग नहीं लगी थी, और सभी यात्रियों को सुरक्षित अन्य डिब्बों में शिफ्ट कर दिया गया। ट्रेन को कुछ देर रुकने के बाद फिर से रवाना कर दिया गया। रेलवे की ओर से बयान जारी कर कहा गया है कि घटना की पूरी जांच की जा रही है और इस तरह की घटनाओं से बचने के लिए तकनीकी निरीक्षण और सुरक्षा प्रोटोकॉल को और मजबूत किया जाएगा। साथ ही, घायल यात्रियों को प्राथमिक चिकित्सा दी गई और जिनको ज़्यादा चोट आई है, उन्हें स्थानीय अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। इस घटना ने एक बार फिर से रेलवे की सुरक्षा और आपातकालीन प्रबंधन व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यात्रियों ने मांग की है कि सभी बोगियों की नियमित जांच की जाए और ऐसी घटनाओं से निपटने के लिए स्टाफ को बेहतर प्रशिक्षण दिया जाए। फिलहाल गरीब रथ एक्सप्रेस अपनी यात्रा पर सुरक्षित रवाना हो चुकी है, और किसी बड़े नुकसान की कोई सूचना नहीं है।
































