झारखंड: झारखंड के सभी 24 जिलों में स्थित 44 फायर स्टेशनों को हाईटेक बनाने की कवायद तेज हो गई है। राज्य के अग्निशमन निदेशालय ने अग्नि हादसों पर तुरंत काबू पाने और सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 132 अत्याधुनिक वाटर टेंडर (दमकल) की खरीद प्रक्रिया को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। नई तकनीक से लैस इन वाटर टेंडरों के बेड़े में शामिल होने से राज्य की अग्निशमन क्षमता पहले से कहीं अधिक मजबूत हो जाएगी।
निदेशालय से मिली जानकारी के अनुसार, कुल 132 वाटर टेंडरों में से 58 स्मॉल वाटर टेंडर (क्षमता 1000 लीटर) की पहली खेप झारखंड पहुंच चुकी है। फिलहाल, इन सभी 58 वाहनों को रांची के धुर्वा स्थित अग्निशमन प्रशिक्षण केंद्र परिसर में सुरक्षित रखा गया है। जल्द ही, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन एक भव्य समारोह में इन हाईटेक वाहनों को हरी झंडी दिखाकर अलग-अलग जिलों के फायर स्टेशनों के लिए रवाना करेंगे।
इसके अलावा, बेड़े को और विस्तार देने के लिए 40 मीडियम वाटर टेंडर (क्षमता 3000 लीटर) अगले 10 दिनों के भीतर राज्य को मिलने की उम्मीद है। वहीं, बड़े हादसों से निपटने में सक्षम 34 लार्ज यानी सामान्य वाटर टेंडर (क्षमता 4500 लीटर) के अगले 45 दिनों में विभाग को उपलब्ध होने की संभावना जताई गई है। सभी अत्याधुनिक वाहनों के तैनात होने से सुदूरवर्ती और संकर इलाकों में भी आगजनी की घटनाओं पर तत्काल काबू पाया जा सकेगा।


































