झारखंड: झारखंड मुक्ति मोर्चा (IMM) ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आर्थिक नीतियों पर निशाना साधा है। पार्टी ने कहा कि आज देशवासियों से सोना नहीं खरीदने, पेट्रोल-डीजल बचाने, वर्क फ्रॉम होम अपनाने, विदेश यात्राएं कम करने और विदेशी सामान नहीं खरीदने की अपील की जा रही है। JMM ने सवाल उठाया कि क्या यही विश्वगुरु और 5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी का मॉडल है।
पार्टी ने कहा कि पिछले 12 वर्षों से सत्ता में बैठी भाजपा सरकार ने देश को ऐसी स्थिति में पहुंचा दिया है, जहां अब जनता से खर्च कम करने और जरूरतों में कटौती करने को कहा जा रहा है। JMM के अनुसार, मजबूत अर्थव्यवस्था में सरकारें लोगों को निवेश, व्यापार और उपभोग बढ़ाने के लिए प्रेरित करती हैं। लेकिन, जब अर्थव्यवस्था दबाव में होती है तो जनता से त्याग की अपील की जाती है।
JMM ने आरोप लगाया कि देश में रुपये की स्थिति कमजोर हो रही है, महंगाई लगातार बढ़ रही है और बेरोजगारी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। पार्टी ने यह भी कहा कि पेट्रोल और डीजल पर भारी टैक्स लगाकर जनता पर आर्थिक बोझ डाला जा रहा है। साथ ही, सोने की खरीदारी को लेकर भी सरकार की चिंता पर सवाल उठाए गए। पार्टी ने कहा कि केंद्र सरकार की नीतियों का असर आम लोगों की जेब पर पड़ रहा है और देश की आर्थिक स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
































