झारखंड के उभरते नेता टाइगर जयराम महतो जो इन दिनों काफी सुर्खियां बटोर रहें हैं। जयराम एक ऐसे छात्र नेता है जो युवानों, छात्रों और झारखंडी हित के लिए झारखंड में महीनों से आवाज़ उठाया और JBKSS नाम से अपनी एक पार्टी बनाई। अब आलम ये है कि इनकी आवाज़ बड़े बड़े दिग्गजों को परेशान करने लगी है। छात्र नेता के रूप में उभर कर आने वाले टाइगर अब लोकसभा का चुनाव लड़ने जा रहे इसके लिए उन्होंने गिरिडीह लोकसभा सीट से अपना नामांकन दाखिल किया। अन्य पार्टी की तरह ही उनके नामांकन में सैकड़ो कार्यकर्ता समर्थन में पहुंचे। इसी दौरान रांची पुलिस भी उन्हें गिरफ्तार करने पहुंची। मामला ये था की 2022 में विधानसभा घेराव मामले में उनके खिलाफ वारंट जारी हुआ था। इसी मामले में पुलिस ने उन्हें अरेस्ट करने के लिए गिरिडीह समहारणालय का घोरव भी किया। लेकिन उस्वक़्त उनके समर्थकों और पुलिस के बीच झड़प हुई जयराम ने भी गिरफ़्तारी से इंकार कर दिया। उन्होंने कहा की मैं पहले जनसभा को सम्बोधित करूँगा। उससे पहले मुझे अरेस्ट न करें। वहां भीड़ को देखते हुए पुलिस ने भी उनकी बात मान ली। बोकारो के चास में जयराम ने शाम 5 बजे तक भाषण दिया उसके बाद से ही जयराम अंडरग्राउंड हो गए है पुलिस अब भी उनकी तलाश कर रही है। यहां तक की उनके नामांकन को रद्द करने की सुचना भी जारी कर दी गयी है। वहीं दूसरी ओर रांची लोकसभा सीट के लिए नामांकन करने पहुंचे रायराम के प्रत्याशी देवेंद्र नाथ महतो को भी पुलिस ने अरेस्ट कर लिए उनके भी नामांकन के दौरान ही अरेस्ट किया गया। दोनों की गिरफ्तारी को देख ऐसा लगता है कि राजनीति में राज करने वाली पार्टियों को इनका चुनाव लड़ना नागवार गुजर रहा है। कई लोगों का ये भी मानना है कि जयराम ने राजनीती में परिपक्वता हासिल नहीं की है उन्हें अभी राजनीती को और समझने की जरुरत थी।
वहीं रांची डीसी द्वारा चुनावी वीडियोग्राफी बंदोबस्ती के काम करने के दौरान सुखदेव नगर निवासी अमित कुमार को मोराबादी स्थित मैदान में टाइगर जयराम महतो पार्टी के रांची लोकसभा कैंडिडेट देवेंद्र नाथ महतो का नॉमिनेशन रैली का कवरेज के दौरान भीड़ ने खूब पिटा पैसा, गले का चैन, Nikon z6 कैमरा सब छीन लिया।





























