सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) के मुख्यालय में बुधवार को बिजली से जुड़ी सुरक्षा, शटडाउन प्रक्रिया और LOTO (लॉकआउट/टैगआउट) प्रणाली पर एकदिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम की शुरुआत सीसीएल के निदेशक (तकनीकी/संचालन) चंद्रशेखर तिवारी ने की।
*बिजली सुरक्षा और LOTO सिस्टम की महत्ता*
निदेशक ने बताया कि खनन क्षेत्रों में सुरक्षित तरीके से काम करने के लिए बिजली सुरक्षा और LOTO सिस्टम बहुत जरूरी है। इस मौके पर खान सुरक्षा महानिदेशालय (DGMS) के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे। उन्होंने अपने अनुभव साझा किए और बताया कि कैसे बिजली सुरक्षा, NGR सिस्टम, आग बुझाने की तकनीक और LOTO प्रणाली को सही तरीके से लागू किया जा सकता है।
*सुरक्षा के उपायों पर चर्चा*
कार्यशाला में बिजली सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गई। विशेषज्ञों ने बताया कि कैसे बिजली से जुड़े खतरों को कम किया जा सकता है और सुरक्षित कामकाज सुनिश्चित किया जा सकता है। LOTO प्रणाली के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया, जो उपकरणों के रखरखाव और मरम्मत के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद करती है।
*सीसीएल की सुरक्षा नीति को मजबूत करने का प्रयास*
कार्यशाला का उद्देश्य सीसीएल में बिजली सुरक्षा और LOTO प्रणाली के बारे में जागरूकता बढ़ाना और इसके कार्यान्वयन को सुनिश्चित करना था। इससे सीसीएल की सुरक्षा नीति को मजबूत करने में मदद मिलेगी और कर्मचारियों की सुरक्षा में सुधार होगा।



























