एक अजीब संयोग ने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या विमान में कुछ सीटें वास्तव में भाग्यशाली होती हैं? थाई अभिनेता रुआंगसाक लोइचुसाक और ब्रिटिश नागरिक विश्वश कुमार रमेश की जिंदगियों को जोड़ती है सीट 11A, जिसने दोनों को मौत के मुंह से खींच लाया।
*दो अलग-अलग हादसे*
– 11A सीट पर बैठे रुआंगसाक लोइचुसाक 1998 में एक विमान दुर्घटना में बच गए थे।
– 27 साल बाद, 2025 में एयर इंडिया के विमान हादसे में भी 11A सीट पर बैठे विश्वश कुमार रमेश बच गए।
*रुआंगसाक का अनुभव*
– रुआंगसाक ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि वह 1998 की दुर्घटना के बाद लगभग एक दशक तक विमान यात्रा नहीं कर सके।
– उन्होंने कहा कि वह कई मौकों पर सार्वजनिक रूप से अपने ट्रॉमा और सर्वाइवर गिल्ट के बारे में बात कर चुके हैं।
*भावनात्मक अपील*
– रुआंगसाक ने एयर इंडिया हादसे में मारे गए लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई।
– उन्होंने कहा, “मेरी दुआएं उन परिवारों के साथ हैं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया।”




























