झारखंड: झारखंड सरकार ने राज्य में औषधि नियंत्रण व्यवस्था और औषधि एवं खाद्य जांच प्रयोगशालाओं को मजबूत करने के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 में 62 लाख 85 हजार रुपये के अतिरिक्त बजट की स्वीकृति दी है। स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है।
अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह द्वारा जारी आदेश के अनुसार, यह राशि चिकित्सा और लोक स्वास्थ्य मद के तहत औषधि नियंत्रण और प्रयोगशालाओं के सुचारू संचालन और सुदृढ़ीकरण के लिए उपलब्ध कराई गई है।
स्वीकृत राशि में विभिन्न मदों के लिए अलग-अलग बजट निर्धारित किया गया है। बिजली व्यय के लिए 15 लाख रुपये, कार्यालय उपकरण के लिए 9 लाख रुपये, परामर्शी शुल्क के लिए 8 लाख 50 हजार रुपये, आपूर्ति एवं सामग्री के लिए 7 लाख रुपये और कार्यालय व्यय के लिए 6 लाख रुपये आवंटित किए गए हैं।
इसके अलावा, प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए 5 लाख रुपये, देशीय यात्रा भत्ता के लिए 4 लाख रुपये, मोटरगाड़ी के ईंधन और मरम्मत के लिए 3 लाख 25 हजार रुपये, दूरभाष और इंटरनेट सेवाओं के लिए 3 लाख 10 हजार रुपये और जेनरेटर ईंधन के लिए 2 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि राशि की निकासी और खर्च वित्त विभाग के निर्धारित नियमों के अनुसार ही किया जाएगा। सभी खरीद प्रक्रियाओं में पारदर्शिता बनाए रखने और सरकारी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार का मानना है कि इस अतिरिक्त बजट से रांची, धनबाद, जमशेदपुर सहित विभिन्न क्षेत्रीय कार्यालयों में कार्यरत औषधि निरीक्षकों और औषधि एवं खाद्य जांच प्रयोगशालाओं की कार्यक्षमता बढ़ेगी। साथ ही, दवाओं और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की निगरानी व्यवस्था को भी और मजबूत बनाया जा सकेगा।
























