भारत: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की बैठक के बाद रेपो रेट को 5.25 फीसदी पर बरकरार रखने का फैसला किया है। यानी, फिलहाल, ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इस फैसले का सीधा असर यह होगा कि आपके लोन की ईएमआई में कोई बदलाव नहीं होगा। न तो आपकी ईएमआई की किस्त घटेगी और न ही बढ़ेगी।
गौरतलब है कि, इससे पहले दिसंबर 2025 में आरबीआई ने रेपो रेट में 0.25% की कटौती की थी, जिसके बाद, यह 5.50% से घटकर 5.25% पर आ गया था। वहीं, फरवरी, अप्रैल और जून 2025 में भी लगातार तीन बार दरों में कटौती की गई थी। हालांकि, अगस्त और अक्टूबर 2025 में दरों को स्थिर रखा गया था। इस तरह कुल मिलाकर साल 2025 में रेपो रेट में 1.25% की कटौती की गई थी।
साल 2027 में 6.9% जीडीपी ग्रोथ का अनुमान
आरबीआई ने जीडीपी ग्रोथ रेट अनुमान में थोड़ी कटौती की है। यह पहली तिमाही में 6.8%, दूसरी तिमाही में 6.7%, तीसरी तिमाही में 7% और चौथी तिमाही में 7.2% रह सकता है. वहीं पूरे वित्त वर्ष 2027 के लिए जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 6.9% रखा गया है। इससे पहले आरबीआई ने पहली तिमाही के लिए जीडीपी ग्रोथ रेट 6.9% और दूसरी तिमाही के लिए 7% रहने का अनुमान जताया था।
वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 4.4% रहेगी महंगाई
महंगाई (इन्फ्लेशन) को लेकर RBI ने अपने अनुमान बढ़ा दिए हैं। वित्त वर्ष 2026 के लिए महंगाई का अनुमान 2.1% से बढ़ाकर 4.6% कर दिया गया है। पिछले वित्त वर्ष तीसरी तिमाही का अनुमान 0.6% से बढ़ाकर 4.7% किया गया है।
वहीं, चौथी तिमाही का अनुमान 3.2% से बढ़ाकर 5.2% कर दिया गया है। मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही का अनुमान 4% से बढ़ाकर 4.4% किया गया है। इसी तरह, दूसरी तिमाही का अनुमान 4.2% से घटाकर 4% कर दिया गया है।



























